26 जनवरी गणतंत्र दिवस के पावन अवसर पर उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में ऐतिहासिक दृश्य। हज़रतगंज से लेकर विधान सभा तक भारतीय सेना की भव्य और अनुशासित परेड का आयोजन। तिरंगे के रंगों से सजी सड़कें, देशभक्ति के नारों से गूंजता पूरा इलाका। सेना के जवानों की सधी हुई कदमताल, वर्दी में अनुशासन और आंखों में देश के लिए समर्पण साफ झलकता हुआ।
भारतीय सेना के विभिन्न रेजीमेंट्स की टुकड़ियाँ, हथियारों और सैन्य वाहनों के साथ परेड करती हुईं। पुलिस, पीएसी और अन्य सुरक्षा एजेंसियों द्वारा की गई कड़ी सुरक्षा व्यवस्था। हर चौराहे पर मुस्तैद जवान, ड्रोन और सीसीटीवी से निगरानी।
सड़क के दोनों ओर खड़े हजारों देशभक्त नागरिक, हाथों में तिरंगा लिए, भारत माता की जय और वंदे मातरम् के नारों से माहौल को देशभक्ति में रंगते हुए। बच्चों, बुज़ुर्गों और युवाओं के चेहरों पर गर्व और उत्साह साफ दिखाई देता है।
यह परेड केवल एक सैन्य प्रदर्शन नहीं, बल्कि भारत की एकता, अखंडता, संविधान और लोकतंत्र के प्रति अटूट आस्था का प्रतीक।
यह दृश्य भारतीय सेना के शौर्य, बलिदान और अनुशासन को नमन करता है और हर नागरिक के दिल में देश के लिए गर्व और जिम्मेदारी का भाव जगाता है। गणतंत्र दिवस का यह आयोजन आने वाली पीढ़ियों को राष्ट्रसेवा और संविधान के सम्मान का संदेश देता है।






