उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष व पूर्व मंत्री अजय राय के निर्देश पर महराजगंज में कांग्रेस जिलाध्यक्ष विजय सिंह एडवोकेट के नेतृत्व में जिलाधिकारी को एक विस्तृत ज्ञापन सौंपा गया, ज्ञापन में स्वामी अभिमुक्तेश्वरानंद सरस्वती और उनके शिष्यों के साथ कथित दुर्व्यवहार की कड़ी निंदा की गई।
ज्ञापन के माध्यम से प्रधानमंत्री से पूरे प्रकरण की उच्च स्तरीय जांच कराने तथा उत्तर प्रदेश सरकार से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की गई है, कांग्रेस ने शंकराचार्य और उनके शिष्यों के खिलाफ यौन शोषण जैसे गंभीर आरोपों में मुकदमा दर्ज किए जाने को लेकर भाजपा सरकार और एक कथित अपराधी की भूमिका पर सवाल उठाते हुए इसकी निंदा की।
यह घटना प्रयागराज में कुंभ मेले के दौरान मौनी अमावस्या के पावन स्नान पर्व पर हुई बताई जा रही है। कांग्रेस के अनुसार, प्रशासन द्वारा स्वामी शंकराचार्य और उनके शिष्यों के साथ कथित मारपीट की गई, यहां तक कि बटुकों की चोटी खींचकर उन्हें लात मारे जाने का आरोप भी लगाया गया। इस घटना को लेकर सनातन धर्मावलंबियों में आक्रोश देखा जा रहा है।
कांग्रेस ने यह भी आरोप लगाया कि शंकराचार्य के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने वाला व्यक्ति 25 हजार रुपये का इनामी अपराधी है, जिस पर हत्या, गौहत्या, हत्या के प्रयास, डकैती, मकान कब्जा और छीनैती जैसे संगीन आरोप दर्ज हैं।
पार्टी का कहना है कि उत्तर प्रदेश सरकार पूज्य स्वामी जी को प्रताड़ित करने के लिए एक आपराधिक छवि वाले व्यक्ति का सहारा ले रही है। कांग्रेस ने इस पूरे घटनाक्रम को विकृत मानसिकता और द्वेष की राजनीति से प्रेरित बताते हुए सरकार के खिलाफ कड़ा विरोध दर्ज कराया है।
ज्ञापन सौंपने के दौरान पूर्व जिलाध्यक्ष झिनकू चौधरी, पूर्व जिलाध्यक्ष त्रिभुवन नारायण मिश्र, जिला कोषाध्यक्ष कपिलदेव शुक्ला, जिला उपाध्यक्ष (संगठन) विनोद सिंह व नूर आलम, पूर्व चेयरमैन जय प्रकाश लाल, श्रमिक नेता उदय प्रताप सिंह, अनुसूचित विभाग के अध्यक्ष रामनारायण प्रसाद, संदीप तिवारी, आयुष सिंह, जमील अहमद, महेंद्र कुमार सहित अनेक वरिष्ठ कांग्रेस नेता मौजूद रहे।
News Reported by: Jaynendra Upadhyay, Reporter-(Up Live Express)




