बरेली बवाल को लेकर पुलिस पूरी तरह एक्शन मोड में आ गई है। बुधवार को हुई मुठभेड़ में दो और आरोपी इदरीश और इकबाल पुलिस की गोली लगने के बाद दबोचे गए, दोनों के पैरों में गोली लगी, इसके बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।

पुलिस मुठभेड़ में आरोपी घायल

पुलिस ने इनके पास से लूटी गई सरकारी एंटी रायट गन, अवैध तमंचे, कारतूस, दो मोबाइल और एक बाइक बरामद की। जानकारी के मुताबिक, आरोपी हथियार बेचने मीरगंज जा रहे थे, तभी पुलिस से उनकी भिड़ंत हो गई, इससे पहले मंगलवार को भी एक आरोपी एनकाउंटर के बाद पकड़ा गया था।
इस बीच पुलिस ने 26 सितंबर का ड्रोन वीडियो जारी किया है, जिसमें दिख रहा है कि किस तरह भीड़ बेकाबू हुई और पुलिस ने हालात काबू में लाने के लिए लाठीचार्ज किया, भगदड़ के दृश्य भी साफ नज़र आ रहे हैं।

दानिश अली ने योगी सरकार और पुलिस को चेतावनी देते हुए कहा— दमनकारी नीतियों को तुरंत छोड़ दीजिए, क्योंकि नाइंसाफी ज्यादा दिन तक टिक नहीं सकती
26 सितंबर को क्या हुआ था?
जुमे की नमाज के बाद बरेली में “आई लव मोहम्मद” विवाद को लेकर हिंसा भड़क गई थी।
मौलाना तौकीर रजा ने मुस्लिम समाज से इस्लामिया ग्राउंड में जुटने की अपील की थी, जब भीड़ को रोका गया तो उसने तोड़फोड़ और पथराव शुरू कर दिया, हालात बिगड़ते देख पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा।
अब तक इस बवाल में 78 गिरफ्तारियां हो चुकी हैं, जिनमें मौलाना तौकीर रजा, डॉ. नफीस और नदीम भी शामिल हैं। सीएम योगी आदित्यनाथ ने साफ कहा है कि हिंसा करने वालों पर किसी तरह की नरमी नहीं बरती जाएगी।





