काशी में गंगा में नाव पर रोजा इफ्तार करने वाले मुस्लिम युवकों की गिरफ्तारी पर सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा— उन्हें DM, SP और SHO साहब को भी अच्छा खाना खिलाना चाहिए था। आपको पता नहीं, ‘हथेली गरम, तो पुलिस नरम’।
सपा प्रमुख ने आगे तंज कसते हुए कहा कि शायद उन्होंने “हथेली गरम” ही नहीं की होगी। अगर हथेली पर ‘चाँद’ (ईद) रख देते, तो मामला सही चलता। उन्होंने सवाल उठाया— हम नाव पर त्योहार क्यों नहीं मना सकते? हमारा मन किया तो हम छत पर त्योहार मनाएंगे।
जब पत्रकार ने मांसाहार (नॉन-वेज) खाने को लेकर सवाल किया, तो अखिलेश यादव ने इसे बहाना बताते हुए कहा— ये सब हमारे और आपके बीच दूरियाँ पैदा करने के लिए किया जा रहा है।
उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि एक क्रूज जहाज़ चला था, जिसमें महँगी शराब रखी हुई थी। आप बताइए कि जहाज़ पर शराब कैसे रख सकते हैं? उसका मलमूत्र और गंदगी भी गंगा में जा रही थीं, तब उस जहाज़ के मालिक पर क्या कार्रवाई हुई?
अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि यह सब महज़ बहाना है और प्रशासन जानबूझकर सरकार को खुश करने के लिए ऐसा करता है। उन्होंने कहा कि अगर किसी से कोई गलती हुई है, तो वह उसे स्वीकार कर लेगा और आगे ऐसी गलती नहीं करेगा, लेकिन सरकार को नियम-कानून स्पष्ट रूप से जनता को बताने चाहिए।




