लखनऊ, 07 अक्टूबर 2026। लखनऊ विश्वविद्यालय परिसर स्थित गेट संख्या-1 पर बुधवार को समाजवादी छात्र सभा, लखनऊ विश्वविद्यालय की ओर से मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया गया। इस दौरान छात्र-छात्राओं ने “वोट चोरी नहीं चलेगी, लोकतंत्र की हत्या नहीं चलेगी” जैसे नारों के साथ मतदाता सूची में नामों की कटौती, मतदाता सूची में नामों की एंट्री और चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता से जुड़े सवालों को लेकर अपना विरोध दर्ज कराया।
विरोध प्रदर्शन में विश्वविद्यालय के छात्र-नौजवानों ने बड़ी संख्या में शामिल होकर लोकतंत्र एवं मताधिकार की रक्षा का संकल्प लिया। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में प्रत्येक नागरिक के मत का सम्मान और चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने कहा कि जनता के अधिकारों से किसी भी प्रकार का खिलवाड़ स्वीकार नहीं किया जाएगा।
इस दौरान मुख्य रूप से छात्र नेता सर्वेश यादव, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष छात्र सभा महेंद्र यादव, साहिल चौधरी, अक्षय प्रधान, शिवजी यादव, रुस्तम यादव, नीतीश यादव, अखिलेश यादव, बृजभूषण सिद्धांत सिंह, कृष्ण यादव और आलोक यादव सहित बड़ी संख्या में लखनऊ विश्वविद्यालय के छात्र एवं समाजवादी छात्र सभा के कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
विरोध प्रदर्शन के आयोजक छात्र नेता आर्यन रावत ने कहा कि लोकतंत्र में जनता का मत सर्वोच्च है। मतदाता सूची एवं चुनावी प्रक्रिया को लेकर उठ रहे सवालों का पारदर्शी तरीके से समाधान होना चाहिए। उन्होंने कहा कि छात्र-नौजवान लोकतांत्रिक मूल्यों और नागरिकों के मताधिकार की रक्षा के लिए अपनी आवाज लगातार उठाते रहेंगे।

















































